भोपाल में हुआ जेट पैचर तकनीक का ट्रायल
गड्ढा भरने के 5 मिनट बाद ही सडक़ पर शुरू हो जाएगा ट्रैफिक
भोपाल । मप्र के शहरों में अब सडक़ों के गड्ढे जेट पैचर तकनीक से भरे जाएंगे। इसका भोपाल के ई-7 इलाके में मशीन का डेमोन्सट्रेशन हुआ। नगरीय प्रशासन एवं आवास विभाग के आयुक्त संकेत भोंडवे ने खुद डेमोन्सट्रेशन देखा। इस तकनीक से गड्ढा 5 मिनट में ही भर जाएगा और फिर ट्रैफिक दौडऩे लगेगा। बारिश के दिनों में पूरे प्रदेश की सडक़ें जर्जर हो जाती है। राजधानी भोपाल में बुरे हाल देखने को मिलते हैं। सडक़ पर एक से डेढ़ फीट तक के गड्ढे हो जाते हैं। इस कारण लाखों लोग परेशान होते हैं। ऐसे में भोपाल में जेट पैचर तकनीक का डेमोन्सट्रेशन बड़ी राहत दे सकता है। आयुक्त भोंडवे ने कहा कि जेट पैचर तकनीक से नगरीय क्षेत्रों में कम समय व परिशुद्धता के साथ सडक़ों के गड्ढ़े भरे जाएंगे।
एक्सपर्ट ने बताया कि जेट पैचर सडक़ मरम्मत की एक तकनीक है, जो मुख्य रूप से गड्ढों, किनारों के टूटने और दरारों जैसी सडक़ की क्षति को ठीक करने के लिए उपयोग की जाती है। यह एक स्व-निहित वाहन है, जो धूल, मलबा और नमी हटा देती है। गड्ढे में मिश्रण भरने के लिए कोल्ड-एप्लाइड बिटुमेन इमल्शन और एग्रीगेट का उपयोग करता है। यह सब एक ही डिलीवरी नली से किया जाता है।
पेंचवर्क के दौरान दिक्कत नहीं आएगी
आयुक्त भोंडवे ने बताया कि बारिश के दिनों में गड्ढे भरने में दिक्कतें होती थीं, लेकिन अब ऐसा नहीं होगा। यह एक टेक्नोलॉजी के साथ शुरुआत है। अभी हमने काम शुरू किया है। इसे एक-एक करके आगे बढ़ाएंगे। दिल्ली से आए मशीन एक्सपर्ट गौरव सहगल ने बताया, यह पोथोले पैचर मशीन है। इसमें तुरंत काम होता है। अभी हमने पैच लगाया और 5 मिनट बाद ट्रैफिक शुरू कर दिया। कोल्ड डामर से सडक़ के गड्ढे भरे गए।
सिद्ध नाथ का कार्यकाल 6 माह बढ़ा, गृह मंत्री का बड़ा बयान
सागर रबारी का इस्तीफा, गुजरात में AAP को बड़ा झटका
स्वास्थ्य मंत्रालय की चेतावनी—लाइफस्टाइल बीमारियां सबसे बड़ा खतरा
आज़ादी के 78 साल बाद गांव में पहली बार आई बिजली
PSL 2026 प्लेऑफ में चार कप्तानों की दिलचस्प टक्कर
मिताली बाग की कार पर हमला, BJP पर लाठी-डंडों से गुंडागर्दी का आरोप
ट्रैक्टर से विधानसभा पहुंचे MLA, पुलिस से झड़प; ‘नारी शक्ति वंदन’ पर गरमाई राजनीति