लोकसभा में हंगामे के चलते कार्यवाही स्थगित, राज्यसभा में भी उठा दलित उत्पीड़न का मुद्दा
नई दिल्ली। संसद के बजट सत्र के दौरान सोमवार को लोकसभा की कार्यवाही हंगामे की भेंट चढ़ गई। सदन की कार्यवाही शुरू होते ही विपक्षी सांसद प्लेकार्ड लेकर वेल में पहुंच गए और जोरदार नारेबाजी करने लगे। हंगामे के चलते लोकसभा की कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक के लिए स्थगित करनी पड़ी।
लोकसभा में आसन पर कृष्णा प्रसाद तेन्नेटी विराजमान थे। कार्यवाही शुरू होने के तुरंत बाद विपक्षी सदस्य अपनी मांगों को लेकर वेल में आ गए। स्पीकर द्वारा बार-बार शांत रहने की अपील के बावजूद विपक्षी सांसदों ने नारेबाजी जारी रखी। हंगामे के चलते करीब सात मिनट के बाद ही स्पीकर ने सदन की कार्यवाही 12 बजे तक के लिए स्थगित कर दी।
वहीं, राज्यसभा की कार्यवाही की शुरुआत अपेक्षाकृत शांतिपूर्ण रही। शून्यकाल के दौरान विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने ओडिशा में एक दलित व्यक्ति के साथ कथित अमानवीय व्यवहार का मुद्दा उठाया। उन्होंने मध्य प्रदेश में हुई एक पुरानी घटना का भी जिक्र करते हुए सरकार से जवाब मांगा। हालांकि बाद में राज्यसभा में भी इस मुद्दे को लेकर हंगामा देखने को मिला। बजट सत्र के दौरान दोनों सदनों में लगातार हो रहे हंगामे से विधायी कार्य प्रभावित हो रहा है। विपक्ष जहां विभिन्न मुद्दों पर सरकार को घेरने की रणनीति अपना रहा है, वहीं सरकार सुचारु रूप से सदन चलाने की अपील कर रही है।
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