महाराष्ट्र की राजनीति में फिर से हलचल: सत्ता परिवर्तन के संकेत?
मुंबई। महाराष्ट्र की सत्ता में एक और बड़ा भूचाल आने की संभावना है। राज्य में महायुति की सरकार है। सूत्रों की मानें तो इस महायुति को बड़ा झटका लगने वाला है। एक बड़े नेता की पार्टी महायुति छोड़ने जा रही है। चर्चा है कि यह नेता कांग्रेस की राह पर है। सूत्रों ने बताया कि समाज पार्टी के नेता महादेव जानकर महायुति छोड़ देंगे। कभी महायुति के साथ रहे राष्ट्रीय समाज पार्टी के नेता महादेव जानकर अब नई राह पर चल सकते हैं। अकोला में उन्होंने यूपीए में शामिल होने के संकेत भी दिए हैं। कहा जा रहा है कि महादेव जानकर इस बात से नाराज हैं कि उनकी राष्ट्रीय समाज पार्टी को महायुति में जगह नहीं मिल रही है। इसलिए अब उन्होंने कांग्रेस में शामिल होने की दिशा में कदम बढ़ाए हैं। महादेव जानकर ने हाल ही में कांग्रेस नेता राहुल गांधी से मुलाकात की थी। उन्होंने अपनी दिली इच्छा भी जताई कि पार्टी को एक पार्टी की तरह ही माना जाना चाहिए। हालांकि जानकर ने सीधे तौर पर यह नहीं कहा है कि वह कांग्रेस में शामिल होंगे, लेकिन जानकर ने यह भी कहा कि अगर भविष्य में उचित बातचीत होती है तो हम यूपीए में शामिल होंगे। उन्होंने बताया कि उनकी पार्टी कर्जमाफी के लिए लंबा मार्च निकालेगी। वे अकोला में मीडिया से बात कर रहे थे।
शरद पवार के महायुति में शामिल होने से असर नहीं- पृथ्वीराज चव्हाण
इस बीच शरद पवार ने संकेत दिया था कि दोनों राष्ट्रवादी एक साथ आएंगे। शरद पवार ने यह भी कहा है कि इस संबंध में फैसला सुप्रिया सुले और जयंत पाटिल लेंगे। उसके बाद सुप्रिया सुले और अजित पवार एक कार्यक्रम में साथ नजर आए। अब इस पर कांग्रेस ने प्रतिक्रिया दी है। पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व मुख्यमंत्री पृथ्वीराज चव्हाण ने कहा है कि अगर शरद पवार महायुति में शामिल होते हैं तो इससे महाविकास अघाड़ी पर कोई असर नहीं पड़ेगा।
चेन स्नेचिंग के आरोपी चढ़े पुलिस के हत्थे, वारदातों का खुलासा
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल के परिवार में दुखद घटना, बेटी सुरभि खंडेलवाल नहीं रहीं
होर्मुज में थाई कार्गो शिप ‘मयूरी नारी’ पर हमला, 23 क्रू मेंबर सवार
स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद का बड़ा ऐलान: 81 दिनों तक यूपी की परिक्रमा
‘नियमों के खिलाफ बोलने वाले का माइक बंद होना चाहिए’, अमित शाह का बयान
MP उच्च शिक्षा विभाग का फरमान: प्राचार्यों को आवारा कुत्ते भगाने की जिम्मेदारी